11 सितम्बर 2026
आज का मंत्र
रोज़ नया दिव्य मंत्र
ॐ नमो भगवते धन्वन्तरये अमृतकलश हस्ताय सर्व रोग निवारणाय त्रिलोकनाथाय श्री धन्वन्तरी स्वरूप श्री श्री श्री औषधचक्र नारायणाय नमः
देवता: धन्वंतरि भगवान
अर्थ
आरोग्य के देवता भगवान धन्वंतरि की स्तुति — सभी रोगों और भयों का नाश करने वाले।
जप का लाभ
स्वास्थ्य लाभ होता है और रोगों से रक्षा होती है।
इस मंत्र का 108 बार जाप करें — मन शांत, जीवन में शुभ फल की प्राप्ति होगी
📖 मंत्र जाप के बारे में
आज का मंत्र — रोज़ एक नया दिव्य मंत्र उसके अर्थ, देवता और जाप के लाभ के साथ। मंत्र जाप सनातन परंपरा का अभिन्न अंग है, जो मन को एकाग्र करता है, नकारात्मक ऊर्जा दूर करता है और जीवन में शांति, शक्ति तथा शुभ फल लाता है। श्रद्धा और नियमितता से किया गया मंत्र जाप सबसे अधिक फलदायी होता है।
और दिव्य मंत्र
ॐ अं अन्नपूर्णायै नमः
अन्न और समृद्धि की देवी माँ अन्नपूर्णा को नमस्कार है।
देवता: माँ अन्नपूर्णा
श्री राम जय राम जय जय राम
मर्यादा पुरुषोत्तम भगवान श्री राम की जय-जयकार।
देवता: भगवान श्री राम
ॐ बृं बृहस्पतये नमः
ज्ञान और सौभाग्य के कारक ग्रह गुरु को नमस्कार है।
देवता: गुरु (बृहस्पति) ग्रह
ॐ हं हनुमते नमः
शक्ति और भक्ति के देवता हनुमान जी को नमस्कार है।
देवता: हनुमान जी
ॐ अं अंगारकाय नमः
साहस और ऊर्जा के कारक ग्रह मंगल को नमस्कार है।
देवता: मंगल ग्रह
ॐ बुं बुधाय नमः
बुद्धि और वाणी के कारक ग्रह बुध को नमस्कार है।
देवता: बुध ग्रह
ॐ ऐं ह्रीं क्लीं चामुण्डायै विच्चे
नवार्ण मंत्र — माँ चामुण्डा (दुर्गा के उग्र स्वरूप) की शक्ति का आह्वान।
देवता: माँ दुर्गा (चामुंडा)
ॐ गंगायै नमः
पवित्रता की प्रतीक माँ गंगा को नमस्कार है।
देवता: माँ गंगा
ॐ भूर्भुवः स्वः तत्सवितुर्वरेण्यं। भर्गो देवस्य धीमहि धियो यो नः प्रचोदयात्॥
गायत्री मंत्र — हम उस दिव्य प्रकाश (सूर्य) का ध्यान करते हैं, वह हमारी बुद्धि को सन्मार्ग पर प्रेरित करे।
देवता: सूर्यदेव / गायत्री माता
ॐ कें केतवे नमः
छाया ग्रह केतु को शांत करने का मंत्र।
देवता: केतु ग्रह
ॐ कां कालभैरवाय नमः
रक्षक देवता काल भैरव को नमस्कार है।
देवता: काल भैरव
ॐ नमो भगवते वासुदेवाय
सर्वव्यापी भगवान वासुदेव (विष्णु) को नमस्कार है।
देवता: भगवान विष्णु